पार्टी तोड़ने की कोशिश - विधायकों को 20-30 करोड़ का ऑफर
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला का भाजपा पर बड़ा आरोप
जम्मू-कश्मीर - बिग बॉस इण्डिया टूडे न्यूज
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने भारतीय जनता पार्टी पर आलोप लगाया है कि नेशनल कॉन्फ्रेंस को तोड़कर उनकी सरकार गिराने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि उनके एक विधायक ने बताया है कि हमें एक भाजपा नेता ने 20 से 30 करोड़ का ऑफर दिया है।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला इन दिनों केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोले हुए हैं। एक रैली के दौरान उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सत्तारूढ़ नेशनल कांफ्रेंस (नेकां) में फूट डालकर उनकी सरकार गिराने की कोशिश कर रही है। हालिया वक्त में केंद्र सरकार को लेकर सॉफ्ट राजनीति करने का आरोप झेलने वाले उमर अब्दुल्ला ने कहा कि भाजपा चाहें कितनी भी कोशिश क्यों न कर ले। नेशनल कॉन्फ्रेंस का एक भी विधायक नहीं टूटेगा।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने संबोधित करते हुए दावा किया कि भाजपा हमारे विधायकों को पैसे और मंत्री पद सहित जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा बनाने का लालच दिया जा रहा है। भाजपा अब बंद दरवाजों के पीछे से मेरे विधायकों को तोड़ने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि एक भाजपा नेता, जो कि सुप्रीम कोर्ट का वकील भी है उसने विधायकों को ऑफर दिया है।
उमर अब्दुल्ला अब 20 जुलाई से नई दिल्ली में एक नया प्रदर्शन खड़ा करने की सोच रहे उमर अब्दुल्ला ने केंद्र के ऊपर जमकर अपनी भड़ास निकाली। अब्दुल्ला ने कहा कि नेशनल कांफ्रेंस के विधायक खुद को नहीं 'बेचेंगे'। उन्होंने कहा कि एक भी ऐसा विधायक नहीं है जो 20 करोड़ या 100 करोड़ रुपये के लिए अपनी ईमानदारी बेच दे,क्योंकि हम जानते हैं और हमें विधायकों पर विश्वास भी है। यह मत सोचिए कि हम इतने कमज़ोर हैं कि आप पिछले दरवाजे से सत्ता पर काबिज हो जायेंगे।
उन्होंने कहा कि वह राज्य के दर्जे को लेकर धैर्य रखे हुए हैं। लेकिन उनके धैर्य को उनकी कमजोरी न समझा जाए। जम्मू कश्मीर की सत्तारूढ़ पार्टी (नेशनल कॉन्फ्रेंस) को जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन करने की जरूरत क्यों पड़ रही है। उन्होंने कहा, "जरूर कोई मजबूरी रही होगी। कुछ तो हुआ होगा। मैंने अपने राजनीतिक भविष्य और प्रतिष्ठा को दांव पर लगाकर केंद्र से कहा कि हम हिंसा के बजाय बातचीत के जरिए अपने अधिकार हासिल करना चाहते हैं, जबकि मुझे पता था कि यह फैसला मेरे राजनीतिक करियर के लिए बहुत जोखिम भरा हो सकता है।"