कुवैत एयरपोर्ट पर ईरान का मिसाइल अटैक
टर्मिनल-1 पर तबाही, कई घायल, इमरजेंसी लागू
कुवैत/ नई दिल्ली - बी बी आई टी डेस्क
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच एक बड़ी घटना के रूप में सामने आया है। कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 को निशाना बनाकर किए गए मिसाइल और ड्रोन हमलों के बाद एयरपोर्ट पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस हमले में कई लोगों के घायल होने की खबर है, जबकि एयरपोर्ट की इमारत को भी भारी नुकसान पहुंचा है। घटना के तुरंत बाद अधिकारियों ने सभी उड़ानों की आवाजाही रोक दी और पूरे एयरपोर्ट परिसर में इमरजेंसी लागू कर दी।
पश्चिम एशिया में पहले से ही तनावपूर्ण हालात बने हुए हैं और इस हमले ने क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर नई चिंताएं पैदा कर दी हैं। सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की जांच में जुट गई हैं और एयरपोर्ट के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 पर मिसाइल और ड्रोन हमले किए गए। हमले के दौरान एयरपोर्ट परिसर में मौजूद यात्रियों और कर्मचारियों के बीच दहशत फैल गई। शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक कई लोग घायल हुए हैं, जबकि टर्मिनल की संरचना को भी नुकसान पहुंचा है।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि हमले के बाद एयरपोर्ट परिसर में धुएं के गुबार दिखाई दिए और सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का काम शुरू कर दिया।
कुवैत की पब्लिक अथॉरिटी फॉर सिविल एविएशन ने हमले के बाद तुरंत इमरजेंसी प्लान लागू कर दिया। PACA के प्रवक्ता अब्दुल्ला अल-राजही ने बताया कि यात्रियों, कर्मचारियों और एयरपोर्ट की सुविधाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी निर्धारित प्रोटोकॉल सक्रिय कर दिए गए हैं।
अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। एयरपोर्ट के विभिन्न हिस्सों में अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है ताकि किसी भी संभावित खतरे से निपटा जा सके।
कुवैत एयरपोर्ट पर ईरान का मिसाइल अटैक होने के बाद एयर ट्रैफिक को पूरी तरह रोक दिया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और स्थिति सामान्य होने तक उड़ानों का संचालन शुरू नहीं किया जाएगा।
इस फैसले का असर अंतरराष्ट्रीय और घरेलू दोनों प्रकार की उड़ानों पर पड़ा है। बड़ी संख्या में यात्री एयरपोर्ट और विभिन्न ट्रांजिट क्षेत्रों में फंसे हुए हैं। एयरलाइंस कंपनियां यात्रियों को लगातार अपडेट प्रदान कर रही हैं और वैकल्पिक व्यवस्थाओं पर भी विचार किया जा रहा है।